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रोसड़ा में होटलों और अस्पतालों का फायर ऑडिट, एक सप्ताह में एनओसी के लिए आवेदन का निर्देश

मुजफ्फरपुर और दिल्ली में हाल के दिनों में हुए भीषण अग्निकांडों के बाद अग्निशमन विभाग ने सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सख्ती बढ़ा दी है। इसी कड़ी में रविवार को रोसड़ा अनुमंडल क्षेत्र में संचालित छोटे-बड़े होटलों और अस्पतालों का विशेष फायर ऑडिट निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान अग्नि सुरक्षा उपकरणों, भवनों में उपलब्ध आपातकालीन निकास व्यवस्था तथा अग्निशमन विभाग से प्राप्त अनापत्ति प्रमाण पत्र की स्थिति की जांच की गई।

निरीक्षण का नेतृत्व अनुमंडल अग्निशमन पदाधिकारी ओंकार नाथ सिंह ने किया। उन्होंने बताया कि विभागीय निर्देश के तहत अनुमंडल क्षेत्र के सभी अस्पतालों और होटलों में अग्नि सुरक्षा मानकों का अनुपालन सुनिश्चित कराने के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इस दौरान कई प्रतिष्ठानों को आवश्यक सुरक्षा उपकरणों की व्यवस्था मजबूत करने तथा विभागीय नियमों का पालन करने के निर्देश दिए गए।

उन्होंने कहा कि सभी होटल और अस्पताल संचालकों को एक सप्ताह के भीतर अग्निशमन विभाग की वेबसाइट पर ऑनलाइन आवेदन कर एनओसी प्राप्त करने की प्रक्रिया पूरी करने का निर्देश दिया गया है। जिन प्रतिष्ठानों ने अब तक एनओसी नहीं लिया है, उन्हें चेतावनी देते हुए कहा गया है कि निर्धारित समयसीमा के भीतर आवेदन नहीं करने पर दूसरी नोटिस जारी की जाएगी।ओंकार नाथ सिंह ने बताया कि दूसरी नोटिस के बाद भी यदि संबंधित प्रतिष्ठान द्वारा नियमों का अनुपालन नहीं किया गया तो इसकी सूचना वरीय अधिकारियों को भेजी जाएगी। इसके बाद विभागीय कार्रवाई करते हुए संबंधित होटल अथवा अस्पताल को सील करने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी।

उन्होंने स्पष्ट किया कि लोगों की सुरक्षा से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा।फायर ऑडिट के दौरान अग्निशमन विभाग की टीम ने अग्निशामक यंत्रों की उपलब्धता, उनकी कार्यशीलता, विद्युत सुरक्षा व्यवस्था, आपातकालीन निकास मार्ग, अग्नि चेतावनी प्रणाली तथा भवन में मौजूद अन्य सुरक्षा संसाधनों की भी जांच की। संचालकों को समय-समय पर अग्निशामक यंत्रों का रखरखाव कराने तथा कर्मचारियों को अग्नि सुरक्षा संबंधी प्रशिक्षण देने की सलाह दी गई।अनुमंडल अग्निशमन पदाधिकारी ने कहा कि अस्पतालों और होटलों में प्रतिदिन बड़ी संख्या में लोग आते-जाते हैं।

ऐसे में किसी भी प्रकार की दुर्घटना की स्थिति में जान-माल की क्षति को रोकने के लिए अग्नि सुरक्षा मानकों का पालन अत्यंत आवश्यक है। विभाग का उद्देश्य कार्रवाई करना नहीं, बल्कि लोगों के जीवन की सुरक्षा सुनिश्चित करना है।निरीक्षण दल में अग्निक पवन कुमार, पूजा कुमारी एवं चालक मुकेश कुमार शामिल थे। विभाग द्वारा आने वाले दिनों में भी अनुमंडल क्षेत्र के अन्य व्यावसायिक एवं सार्वजनिक प्रतिष्ठानों का फायर ऑडिट अभियान जारी रखा जाएगा।

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